ब्रिटिश P.M के प्रवर दावेदार भारतीय मूलवंश के ऋषि सुनक की इस मुकाम तक पहुंचने की कहानी।
जीवन-परिचय
ऋषि सुनक का जन्म 12 मई 1980 को साउथेम्प्टन, हैम्पशायर, इंग्लैंड में हुआ। उनके माता-पिता (यशवीर ( पेशे से डॉक्टर)और उषा सुनक( पेशे सेफ़ार्मासिस्ट.)) भारतीय पंजाबी हिंदू हैं। वह तीन भाई-बहन हैं(जिनमे ऋषि सबसे बड़े हैं)। सुनक के भाई संजय मनोवैज्ञानिक हैं और उनकी बहन राखी संयुक्त राष्ट्र के फंड और कार्यक्रमों के प्रमुख के रूप में काम करती हैं. उनके दादा-दादी भारत के पंजाब प्रांत में पैदा हुए थे, और 1960 के दशक में पूर्वी अफ्रीका से अपने बच्चों के साथ यूके चले गए थे।
ऋषि की शिक्षा-दीक्षा
ऋषि ने विनचेस्टर कॉलेज(इंग्लैंड) से स्कूली शिक्षा हासिल की. फिर उन्होंने लिंकन कॉलेज, ऑक्सफोर्ड में दर्शनशास्त्र, राजनीति और अर्थशास्त्र में फर्स्ट स्थान के साथ स्नातक किया. फिर 2006 में, उन्होंने स्टैनफोर्ड विश्वविद्यालय कैलिफोर्निया से एमबीए की डिग्री प्राप्त की.
पारिवारिक जीवन
ऋषि ने अगस्त 2009 में भारतीय अरबपति, इंफोसिस के संस्थापक, एन. आर. नारायण मूर्ति की बेटी अक्षता मूर्ति से शादी की. वे स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी में पढ़ते हुए मिले थे। उनकी दो बेटियां भी हैं. अक्षता अपने पिता की निवेश फर्म कटमरैन वेंचर्स की निदेशक हैं.
ब्रिटेन के अमीर व्यक्तियों में सुमार हैं ऋषि और उनका परिवार
ऋषि और उनके ससुर(नारायण मूर्ति) ब्रिटेन के 222वें सबसे अमीर व्यक्ति हैं। और उनकी पत्नी अक्षता मूर्ति ब्रिटेन की सबसे अमीर महिलाओं की सूचि में शामिल हैं.
राजनीति में आने से पहले
ऋषि ने राजनीति में आने से पहले इन्वेस्टमेंट बैंक गोल्डमैन सैक्स में काम किया था।
राजनितिक करियर
2015- ऋषि 2015 में इंग्लैंड के आम चुनाव में उत्तरी यॉर्कशायर में रिचमंड (यॉर्क) के लिए हाउस ऑफ कॉमन्स के लिए चुने गए।
2016- ऋषि ने यूरोपीय संघ की सदस्यता पर 2016 के जनमत संग्रह में ब्रेक्सिट का समर्थन किया ।
2018- 2018 में थेरेसा मे की दूसरी सरकार में स्थानीय सरकार के संसदीय अवर सचिव के रूप में नियुक्त हुए थे।
2019- थेरेसा मे के इस्तीफा देने के बाद, सनक ने बोरिस जॉनसन के कंजरवेटिव नेता बनने के अभियान का समर्थक किया.
2020- जॉनसन के चुने जाने और प्रधान मंत्री नियुक्त होने के बाद, उन्होंने सनक को ट्रेजरी के मुख्य सचिव के रूप में नियुक्त किया।
बाद में उन्होंने बोरिस जॉनसन की गलत नीतियों के खिलाफ अपने पद से इस्तीफा दे दिया और 8 जुलाई 2022 को, सनक ने घोषणा की कि वह जॉनसन को बदलने के लिए कंजर्वेटिव पार्टी के नेतृत्व के चुनाव में एक उम्मीदवार के रूप में खड़े होंगे।
प्रधानमंत्री पद की रेस में 42 वर्षीय ऋषि सुनक का सामना लिज़ ट्रस है. ट्रस भी पार्टी की एक अनुभवी नेता हैं.
कंजर्वेटिव पार्टी के 160,000 सदस्य इन दोनों में से एक को वोट देकर, ब्रिटेन का अगला प्रधानमंत्री चुनेंगे. इसे रेस में कौन जीतेगा इसका पता पाँच सितंबर को लगेगा.
अगर ऋषि सुनक प्रधानमंत्री बने तो ये एक ऐतिहासिक क्षण होगा. एक लिहाज़ से उसकी तुलना 2008 में अमेरिका में बराक ओबामा के अमेरिकी राष्ट्रपति की जीत से की जा सकती है.

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